बुरहानपुर(न्यूज़ ढाबा)–महाराष्ट्र के आईएएस अधिकारी तुकाराम मुंडे की दबंग कार्यशाली का असर बुरहानपुर के अधिकारियों में दिखा अब देखना होगा यह मुहिम कब तक जारी रहेगी ।
विगत कुछ दिनों से खाद्य विभाग निंद्रा से जागा और कार्यवाही को अंजाम दे रहे हैं इसी तरह तारतम्य में,
दूध और दुग्ध उत्पादों की गुणवत्ता को लेकर चल रही जांच के बीच मंगलवार को खाद्य सुरक्षा विभाग की टीम लालबाग स्थित विशाल मेगा मार्ट पहुंची। यहां जांच के दौरान दो तरह के घी के नमूने लिए गए और 78 किलो घी जब्त कर लिया गया। इसकी अनुमानित कीमत 46,800 रुपए है। नमूने जांच के लिए खाद्य विश्लेषक भोपाल भेजे गए हैं। अब लैब रिपोर्ट तय करेगी कि घी निर्धारित मानकों पर खरा उतरता है या नहीं।
खाद्य सुरक्षा अधिकारियों ने लालबाग स्थित विशाल मेगा मार्ट का निरीक्षण किया। यहां से प्योर बर्स्ट काऊ मिल्क घी और न्यूट्रीलाइट शक्ति प्योर घी के नमूने जांच के लिए लिए गए। कार्रवाई के दौरान कुल 78 किलोग्राम घी जब्त किया गया। विभाग ने इसकी अनुमानित कीमत 46,800 रुपए बताई है। नमूनों को भोपाल स्थित खाद्य विश्लेषक प्रयोगशाला भेजा गया है। यहां महत्वपूर्ण बात यह है कि जब्ती का मतलब घी का मिलावटी या अमानक साबित होना नहीं है। दोनों उत्पादों की गुणवत्ता पर अंतिम निष्कर्ष लैब रिपोर्ट आने के बाद ही निकलेगा।
विभाग के अनुसार सभी नमूने खाद्य विश्लेषक भोपाल को भेजे जा रहे हैं। रिपोर्ट में किसी खाद्य पदार्थ में कमी या नियमों का उल्लंघन पाया जाता है तो खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम, 2006 और संबंधित नियम, 2011 के तहत नियमानुसार कार्रवाई होगी। मंगलवार की कार्रवाई में आंकड़े जरूर बड़े हैं—78 किलो घी, कीमत 46,800 रुपए और 19 किलो गरम मसाला जब्त। लेकिन उपभोक्ताओं के लिहाज से असली सवाल अभी बाकी है—जिन उत्पादों के सैंपल उठाए गए, वे लैब की कसौटी पर पास होंगे या फेल? अब खाद्य विश्लेषक भोपाल की रिपोर्ट ही इसका जवाब देगी।

